सड़क इंफ्रास्ट्रक्चर और स्वास्थ्य सेवाओं पर सरकार का दांव, कर्मचारियों के महंगाई भत्ते में वृद्धि और पुरानी पेंशन से जुड़े मामलों पर भी लगी मुहर

विशेष संवाददाता / रांची: मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन की अध्यक्षता में बुधवार को झारखंड मंत्रालय में आयोजित मंत्रिपरिषद की बैठक में राज्य के विकास और जनहित से जुड़े कई महत्वपूर्ण निर्णयों पर मुहर लगाई गई। इस बैठक में सरकार ने स्वास्थ्य और शिक्षा के बुनियादी ढांचे को मजबूत करने के लिए बड़े वित्तीय प्रावधानों को मंजूरी दी है। सबसे महत्वपूर्ण फैसले के तहत केंद्र सरकार की ‘वायबिलिटी गैप फंडिंग’ (VGF) योजना के जरिए धनबाद, खूंटी, गिरिडीह और जामताड़ा के मौजूदा जिला अस्पतालों को अपग्रेड कर मेडिकल कॉलेज के रूप में विकसित किया जाएगा। इसके लिए पीपीपी मोड पर संचालन और वित्तीय अनुदान की स्वीकृति दे दी गई है।रांची: मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन की अध्यक्षता में बुधवार को झारखंड मंत्रालय में आयोजित मंत्रिपरिषद की बैठक में राज्य के विकास और जनहित से जुड़े कई महत्वपूर्ण निर्णयों पर मुहर लगाई गई। इस बैठक में सरकार ने स्वास्थ्य और शिक्षा के बुनियादी ढांचे को मजबूत करने के लिए बड़े वित्तीय प्रावधानों को मंजूरी दी है। सबसे महत्वपूर्ण फैसले के तहत केंद्र सरकार की ‘वायबिलिटी गैप फंडिंग’ (VGF) योजना के जरिए धनबाद, खूंटी, गिरिडीह और जामताड़ा के मौजूदा जिला अस्पतालों को अपग्रेड कर मेडिकल कॉलेज के रूप में विकसित किया जाएगा। इसके लिए पीपीपी मोड पर संचालन और वित्तीय अनुदान की स्वीकृति दे दी गई है।
युवाओं के लिए तकनीक और नवाचार पर जोर
राज्य के विद्यार्थियों में वैज्ञानिक सोच विकसित करने के लिए कैबिनेट ने ‘झारखंड रोबोटिक्स फेस्टिवल’ और राज्य स्तरीय ‘साइंस एंड टेक्नोलॉजी क्विज’ के आयोजन को हरी झंडी दिखाई है। इसके साथ ही, उच्च एवं तकनीकी शिक्षण संस्थानों में ‘सर ज्ञानेंद्र चंद्र घोष योजना’ के तहत विज्ञान और इंजीनियरिंग (STEM) से जुड़े महत्वपूर्ण दिवस मनाए जाएंगे। गिरिडीह में ‘सर जे.सी. बोस विश्वविद्यालय’ और मेदिनीनगर के नीलांबर-पीतांबर विश्वविद्यालय में शैक्षणिक व गैर-शैक्षणिक पदों के पुनर्गठन और सृजन की भी मंजूरी दी गई है, जिससे उच्च शिक्षा के स्तर में सुधार होगा।
सड़क नेटवर्क और शहरी विकास का विस्तार
इंफ्रास्ट्रक्चर के मोर्चे पर राजधानी रांची सहित कई जिलों में सड़क चौड़ीकरण और पुल निर्माण की बड़ी परियोजनाओं को प्रशासनिक स्वीकृति मिली है। रांची के नामकुम से डोरंडा पथ के फोरलेन चौड़ीकरण के लिए 162 करोड़ रुपये से अधिक की राशि आवंटित की गई है। इसके अलावा, जमशेदपुर में एक आधुनिक अंतरराज्यीय बस पड़ाव (ISBT), जल संसाधन विभाग का कार्यालय और कमर्शियल कॉम्प्लेक्स पीपीपी मोड पर बनाने का निर्णय लिया गया है। अवैध निर्माण को नियमित करने के लिए ‘झारखंड रेगुलराइजेशन ऑफ अनऑथराइज्डली कंस्ट्रक्टेड बिल्डिंग रूल्स 2025’ को भी कैबिनेट ने स्वीकृति दे दी है।
कर्मचारियों को सौगात और राहत
सरकारी कर्मियों और पेंशनभोगियों के लिए भी कैबिनेट ने राहत के द्वार खोले हैं। पांचवें और छठे केंद्रीय वेतनमान के तहत कार्यरत कर्मियों व पेंशनभोगियों के महंगाई भत्ते (DA) और महंगाई राहत (DR) में 1 जुलाई 2025 के प्रभाव से वृद्धि की गई है। इसके साथ ही, कई विभागों में वर्षों से कार्यरत दैनिक वेतनभोगी कर्मियों की पिछली सेवा अवधि को उनकी नियमित सेवा में जोड़कर पेंशन लाभ देने का ऐतिहासिक निर्णय लिया गया है, जिससे सेवानिवृत्त कर्मचारियों को बड़ी आर्थिक सुरक्षा मिलेगी।
खनन और डिजिटल इंफ्रास्ट्रक्चर में सुधार
पारदर्शिता और राजस्व बढ़ाने के उद्देश्य से ‘झारखंड लघु खनिज समनुदान नियमावली 2026’ और अवैध खनन व परिवहन को रोकने से संबंधित नियमों में संशोधन को मंजूरी दी गई है। डिजिटल झारखंड के सपने को साकार करने के लिए ‘झारखंड डिजिटल इंफ्रास्ट्रक्चर कॉर्पोरेशन लिमिटेड’ (JDICL) के गठन का निर्णय लिया गया है, जो ‘भारतनेट’ परियोजना के तहत राज्य में इंटरनेट कनेक्टिविटी के विस्तार के लिए विशेष इकाई (SPV) के रूप में कार्य करेगी। इसके अलावा, विदेशी मेडिकल ग्रेजुएट्स के लिए इंटर्नशिप और मानदेय की सुविधा भी सुनिश्चित की गई है।
