रांची: भारतीय क्रिकेटर विजय शंकर और पीयूष चावला लंका प्रीमियर लीग 2026 में और ज़्यादा अनुभव और क्षेत्रीय आकर्षण जोड़ रहे हैं, जिससे पूरे भारत में क्रिकेट दर्शकों के साथ टूर्नामेंट का जुड़ाव मजबूत हो रहा है।
विजय शंकर कैंडी रॉयल्स का प्रतिनिधित्व कर रहे हैं, जबकि पीयूष चावला जाफना किंग्स से जुड़े हैं। वे अपनी-अपनी फ्रैंचाइजी में भारतीय और अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट का बहुमूल्य अनुभव लेकर आए हैं।
उनकी भागीदारी से स्थापित विदेशी खिलाड़ियों के बीच LPL की बढ़ती लोकप्रियता का पता चलता है और दक्षिण एशियाई फ्रैंचाइजी क्रिकेट में एक अहम प्लेटफ़ॉर्म के तौर पर टूर्नामेंट की स्थिति मजबूत होती है।
मैदान पर अपने योगदान के अलावा, ये दोनों खिलाड़ी श्रीलंकाई क्रिकेटरों को ऐसे प्रोफेशनल्स के साथ ट्रेनिंग करने, मुकाबला करने और ड्रेसिंग रूम शेयर करने का मौका देते हैं, जिन्हें हाई-प्रेशर वाले T-20 माहौल में खेलने का काफी अनुभव है। जानकारी का यह आदान-प्रदान उन उभरते हुए खिलाड़ियों के लिए बहुत कीमती है जो अपनी टैक्टिकल समझ, मैच की तैयारी और दबाव में अच्छा प्रदर्शन करने की क्षमता को बेहतर बनाना चाहते हैं।
IPG ग्रुप के फाउंडर और चेयरमैन अनिल मोहन ने कहा, “भारत और श्रीलंका के बीच क्रिकेट का गहरा रिश्ता है और विजय शंकर व पीयूष चावला के शामिल होने से LPL-2026 की अहमियत और बढ़ जाती है। उनका अनुभव कॉम्पिटिशन को मजबूत बनाता है और साथ ही श्रीलंकाई खिलाड़ियों के लिए ऐसे क्रिकेटरों से सीखने के मौके भी पैदा करता है जिन्होंने सबसे ऊंचे लेवल पर मुकाबला किया है।”
लंका प्रीमियर लीग के टूनमिंट डायरेक्टर सामंथा डोडानवेला ने कहा कि अनुभवी भारतीय खिलाड़ियों की मौजूदगी LPL की बढ़ती अंतरराष्ट्रीय लोकप्रियता को दिखाती है। उनकी भागीदारी टूर्नामेंट की क्वालिटी को बेहतर बनाती है और एक ऐसा कॉम्पिटिटिव प्लैटफ़ॉर्म बनाने के हमारे बड़े मकसद में मदद करती है जिससे श्रीलंकाई क्रिकेट को फायदा हो। लंका प्रीमियर लीग 2026 में श्रीलंका के बेहतरीन खिलाड़ी और अंतरराष्ट्रीय स्तर के टैलेंट पांच अलग-अलग टीमों में एक साथ आएंगे, जिससे फैंस को रोमांचक क्रिकेट और मनोरंजन का शानदार मेल देखने को मिलेगा।
