जियोफाइनेंस ऐप पर अब अतिरिक्त बैलेंस का निवेश होगा आसान

कारोबार झारखंड न्यूज़ रांची
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रांची: जियोफाइनेंस ऐप पर अब ग्राहक अपने खाते में रखी अतिरिक्त रकम को आसानी से निवेश में लगा सकेंगे। जियोब्लैकरॉक एसेट मैनेजमेंट ने जियो पेमेंट्स बैंक के ‘Savings Pro’ फीचर में जियोब्लैकरॉक ओवरनाइट फंड को जोड़ा है। इस सुविधा का लाभ जियो पेमेंट्स बैंक के सेविंग्स और सैलरी अकाउंट ग्राहक उठा सकेंगे। जियोब्लैकरॉक एसेट मैनेजमेंट, जियो फाइनेंशियल सर्विसेज लिमिटेड और दुनिया की प्रमुख एसेट मैनेजमेंट कंपनियों में शामिल ब्लैकरॉक का ज्वाइंट वेंचर है।


Savings Pro को सेविंग्स और निवेश को एक साथ जोड़ने के लिए डिजाइन किया गया है। इस फीचर के तहत ग्राहक अपने बैंक खाते में एक तय सीमा से ऊपर पड़े अतिरिक्त बैलेंस को ओवरनाइट म्यूचुअल फंड में निवेश कर सकेंगे। इसका मकसद ग्राहकों को डिजिटल बैंकिंग की सुविधा के साथ निवेश तक आसान पहुंच देना है।

ग्राहक इस सुविधा में ऑटो-इन्वेस्ट विकल्प चुन सकते हैं। इसमें तय सीमा से ऊपर की रकम रोजाना अपने-आप निवेश हो जाएगी। इसके अलावा वन-टाइम इंवेस्टमेंट का विकल्प भी मिलेगा, जिसके जरिए ग्राहक तुरंत निवेश कर सकेंगे। ग्राहक ₹5,000 से ₹1,50,000 के बीच अपनी सीमा तय कर सकते हैं। प्लेटफॉर्म के जरिए रोजाना निवेश की अधिकतम सीमा ₹1,50,000 होगी।

इस सुविधा में पैसा निकालने की व्यवस्था भी रखी गई है। ग्राहक ₹50,000 या निवेश की गई रकम के 90 प्रतिशत, जो भी कम हो, तक की राशि तुरंत रिडीम कर सकेंगे। इससे अधिक राशि के लिए रिडेम्पशन अनुरोध T+1 आधार पर प्रोसेस होगा। इस सुविधा में कोई एंट्री लोड, एग्जिट लोड, लॉक-इन पीरियड या हिडन चार्ज नहीं होगा।

जियोब्लैकरॉक एसेट मैनेजमेंट के मैनेजिंग डायरेक्टर और सीईओ सिड स्वामीनाथन ने कहा कि ग्राहक आज अतिरिक्त बैलेंस को मैनेज करने के लिए आसान और डिजिटल तरीके चाहते हैं। इस इंटीग्रेशन के जरिए डिजिटल बैंकिंग की सुविधा को ओवरनाइट फंड सॉल्यूशन तक पहुंच के साथ जोड़ा जा रहा है।

जियो पेमेंट्स बैंक के मैनेजिंग डायरेक्टर और सीईओ विनोद ईश्वरन ने कहा कि बैंक ग्राहकों के लिए डिजिटल फाइनेंशियल सॉल्यूशंस को और मजबूत करने पर काम कर रहा है। उनके मुताबिक Savings Pro अतिरिक्त बैलेंस को मैनेज करने का सुविधाजनक तरीका है, जिसमें लचीलापन, लिक्विडिटी और आसान पहुंच बनी रहती है।

Savings Pro की ऑनबोर्डिंग पूरी तरह डिजिटल होगी। ग्राहक जियोफाइनेंस ऐप पर आधार और वीडियो KYC के जरिए इस सुविधा का इस्तेमाल शुरू कर सकेंगे। ऐप के जरिए वे अपनी निवेश सीमा तय या बदल सकेंगे, निवेश को ट्रैक कर सकेंगे और ट्रांजैक्शन की जानकारी देख सकेंगे।

कंपनी के मुताबिक यह इंटीग्रेशन रोजमर्रा की बैंकिंग और निवेश सुविधा को एक ही डिजिटल प्लेटफॉर्म पर लाने की दिशा में एक कदम है।

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