द जन सभा | निरंजन भारती
झारखंड को वैश्विक निवेश और औद्योगिक साझेदारी का नया केंद्र बनाने की कवायद तेज हो गई है। मुख्यमंत्री हेमन्त सोरेन के नेतृत्व में रांची में आयोजित दो दिवसीय नेशनल स्टेकहोल्डर्स कंसल्टेशन-2026 के दूसरे दिन देश-विदेश के प्रमुख कॉर्पोरेट घरानों और उद्योग संगठनों के साथ एक महत्वपूर्ण ‘बिजनेस-टू-गवर्नमेंट’ (B2G) संवाद हुआ। इस दौरान भारत में सिंगापुर के उच्चायुक्त साइमन वोंग वी कुएन के नेतृत्व में आए एक उच्च स्तरीय प्रतिनिधिमंडल ने राज्य में दीर्घकालिक निवेश, विश्वस्तरीय कौशल विकास केंद्रों की स्थापना और स्वास्थ्य क्षेत्र में सहयोग को लेकर गहरी दिलचस्पी दिखाई। इसके साथ ही, मुख्यमंत्री ने राज्य में उद्योग-अनुकूल नीतियों और मजबूत बुनियादी ढांचे का हवाला देते हुए वैश्विक निवेशकों को हरसंभव सहयोग का भरोसा दिया।

इस बड़े औद्योगिक जुटान में पर्यटन, विनिर्माण और हरित ऊर्जा जैसे क्षेत्रों पर विशेष ध्यान केंद्रित किया गया। जहां भारतीय उद्योग परिसंघ’ ने सौर व पवन ऊर्जा और स्मार्ट मीटरिंग जैसे हरित ऊर्जा प्रोजेक्ट्स में निवेश के प्रस्ताव रखे, वहीं ‘फिक्की’ (FICCI) ने झारखंड को डेस्टिनेशन वेडिंग और स्पोर्ट्स टूरिज्म का बड़ा केंद्र बनाने का सुझाव दिया। इसी कड़ी में प्रमुख ट्रैवल पोर्टल्स ‘ईज़माईट्रिप’ और ‘मेकमाईट्रिप’ ने राज्य के पर्यटन को डिजिटल माध्यमों से अंतरराष्ट्रीय स्तर पर प्रमोट करने के लिए हाथ मिलाया है। विनिर्माण क्षेत्र की बात करें तो, ‘हीरो साइकिल्स’ और ‘एवन साइकिल्स’ के साथ राज्य में करीब 500 से 1,000 करोड़ रुपये के निवेश से साइकिल और ई-साइकिल मैन्युफैक्चरिंग इकोसिस्टम विकसित करने पर चर्चा हुई, जिससे बड़े पैमाने पर रोजगार के नए अवसर पैदा होने की उम्मीद है।

