Crime News: रांची में मौत के सौदागरों पर टूटी पुलिस की गाज, हफ़्ते भर में 30 से ज़्यादा सलाखों के पीछे, ज़ब्त सामान देख उड़ जाएंगे होश!

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स्कूल-कॉलेज के छात्र थे निशाना, पर अब खैर नहीं! रांची पुलिस का अपराधियों को आखिरी अल्टीमेटम नशे के धंधेबाज़ों को ज़मीन खोदकर निकाल लेंगे

द जन सभा | निरंजन भारती

रांची को ड्रग्स और अवैध नशीले पदार्थों के जाल से मुक्त कराने के लिए पुलिस प्रशासन ने अब तक का सबसे बड़ा चौतरफा हमला बोल दिया है। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक रांची के सीधे निर्देश पर चलाई जा रही इस विशेष मुहिम के तहत पिछले महज एक सप्ताह के भीतर 30 से अधिक बड़े और छोटे नशा कारोबारियों को दबोचकर जेल की सलाखों के पीछे भेज दिया गया है। पुलिस की इस ताबड़तोड़ कार्रवाई से शहर के भूमिगत ड्रग्स सिंडिकेट में हड़कंप मचा हुआ है और रैकेट से जुड़े कई सफेदपोशों के नाम सामने आने की उम्मीद है।

पुलिस मुख्यालय से मिली आधिकारिक जानकारी के मुताबिक, पिछले दो दिनों के भीतर शहर के विभिन्न संदिग्ध ठिकानों पर बेहद गोपनीय तरीके से सघन छापेमारी की गई। नगर पुलिस अधीक्षक के नेतृत्व में सहायक पुलिस अधीक्षक कोतवाली, डीएसपी हटिया, सदर और नगर की संयुक्त टीमों ने जाल बिछाकर कुल 13 शातिर तस्करों को रंगे हाथों गिरफ्तार किया है। पुलिस का कहना है कि यह नेटवर्क सीधे तौर पर स्कूल-कॉलेज के छात्रों और युवाओं को अपना निशाना बना रहा था, जिससे शहर की पूरी एक पीढ़ी खोखली हो रही थी।

इस हाई-प्रोफाइल छापेमारी के दौरान पुलिस ने जो खेप बरामद की है, वह चौंकाने वाली है। तस्करों के पास से 8.60 ग्राम अत्यधिक नशीली ब्राउन शुगर, करीब दो किलो 1.874 किलोग्राम अवैध गांजा, और बड़े पैमाने पर प्रतिबंधित दवाएं जब्त की गई हैं। इन दवाओं में निट्रोसन 10 की 18 टैबलेट, ‘अल्प्रोज़ोलम’ की 50 टैबलेट और ‘गोरफिन’ की 13 शीशियां शामिल हैं, जिनका इस्तेमाल युवा नशे के विकल्प के तौर पर कर रहे थे। इसके अलावा तस्करी में प्रयुक्त होने वाले 3 स्मार्टफोन और एक स्कूटी को भी जब्त किया गया है।

गिरफ्तार किए गए आरोपियों की सूची लंबी है, जिसमें लोअर बाजार के रंजन कुमार, सीताराम ठाकुर, फिरोज अंसारी, इबरार अंसारी; धुर्वा के लक्की कुमार महतो; डोरंडा के मो. अख्तर, मो. जीमल अंसारी, रवि कुमार, राहुल सिंह, अत्ता वारिस; हिन्दपीढ़ी के मोबारक उर्फ इमरोज; सुखदेवनगर के अजय राम और अरगोड़ा के परवेज आलम शामिल हैं। पुलिस ने बताया कि इनमें से राहुल सिंह नाम के आरोपी का पुराना आपराधिक इतिहास भी रहा है और वह पहले भी कई मामलों में संलिप्त रहा है।

वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक ने इस बड़ी कामयाबी के बाद कड़ा अल्टीमेटम देते हुए कहा है कि रांची की धरती पर नशे का कारोबार करने वाले किसी भी अपराधी को बख्शा नहीं जाएगा, चाहे उसके तार कितने भी ऊंचे क्यों न जुड़े हों। पुलिस ने आम नागरिकों और जिम्मेदार अभिभावकों से भावुक अपील की है कि वे अपने बच्चों की हरकतों पर नजर रखें और समाज को इस जहर से बचाने के लिए आगे आकर गुप्त रूप से पुलिस प्रशासन का सहयोग करें।

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