द जन सभा डेस्क | रांची
कांके थाना क्षेत्र में चोरी की घटनाओं के खिलाफ पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। बोड़ेया गांव में चोरी की कोशिश के दौरान स्थानीय लोगों ने दो संदिग्धों को पकड़ लिया। सूचना मिलते ही कांके थाना पुलिस मौके पर पहुंची और दोनों को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू की। इसके बाद पुलिस की जांच जैसे-जैसे आगे बढ़ी, कथित तौर पर गिरोह से जुड़े तीन अन्य लोगों तक भी पुलिस पहुंच गई। कांके थाना प्रभारी सह इंस्पेक्टर कुणाल कुमार ने सूचना देते हुए बताया कि चोरी के प्रयास में दो लोगों के पकड़े जाने की जानकारी मिलने के बाद पुलिस ने तत्काल कार्रवाई की। दोनों से पूछताछ के दौरान मिली जानकारी के आधार पर पुलिस ने आगे छापेमारी की और तीन अन्य आरोपियों को गिरफ्तार किया। पुलिस अब गिरफ्तार आरोपियों से पूछताछ कर गिरोह की गतिविधियों और चोरी की अन्य घटनाओं के बारे में जानकारी जुटा रही है।

पुलिस के मुताबिक, गिरफ्तार आरोपियों में विवेक तिर्की, पिता दुर्गा तिर्की, निवासी अरसंडे और संजू टोप्पो, पिता स्वर्गीय सुरेंद्र टोप्पो, निवासी अरसंडे शामिल हैं। इसके अलावा फकीर तिर्की के पुत्र, साहिल अंसारी उर्फ बाबू और नासिर अंसारी उर्फ पप्पू को भी गिरफ्तार किया गया है। पुलिस की कार्रवाई में कुल पांच आरोपियों की गिरफ्तारी की जानकारी दी गई है। पुलिस के अनुसार, गिरफ्तार आरोपियों के पास से कई सामान बरामद किए गए हैं। बरामदगी में सोना जैसा कान का बाली तीन पीस, पायल की एक जोड़ी, नोजपिन चार पीस, नाक की कील दो पीस, नथुनी और चांदी की चेन शामिल है। इसके साथ ही रियलमी, ओप्पो और आईफोन समेत मोबाइल फोन तथा नकद 5,000 रुपये भी बरामद किए गए हैं। बरामद सामान में शामिल आभूषणों को पुलिस ने कुछ जगहों पर “सोना जैसा” बताया है। इसलिए इन आभूषणों को फिलहाल वास्तविक सोने का बताना उचित नहीं होगा। उनकी वास्तविक धातु और कीमत की पुष्टि संबंधित जांच के बाद ही हो सकेगी। पुलिस बरामद सामान के स्रोत और उससे जुड़े संभावित मामलों की भी पड़ताल कर रही है।
कांके पुलिस की इस कार्रवाई को अपराध के खिलाफ सख्त कार्रवाई के तौर पर देखा जा रहा है। चोरी की कोशिश की सूचना पर पुलिस का तत्काल मौके पर पहुंचना और फिर पूछताछ के आधार पर आगे की कार्रवाई करना बताता है कि पुलिस मामले को लेकर गंभीर है। स्थानीय लोगों की सतर्कता और पुलिस की कार्रवाई के चलते कथित तौर पर जुड़े अन्य आरोपियों तक पहुंचना इस कार्रवाई की अहम कड़ी रही। पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि गिरफ्तार आरोपियों का क्षेत्र में हुई दूसरी चोरी की घटनाओं से भी कोई संबंध है या नहीं। साथ ही बरामद मोबाइल फोन और आभूषणों के संबंध में भी जानकारी जुटाई जा रही है। अगर जांच में अन्य घटनाओं से कड़ियां जुड़ती हैं तो पुलिस इस मामले में आगे और कार्रवाई कर सकती है। पुलिस की ओर से दी गई जानकारी के अनुसार, मामले को लेकर कांके थाना कांड संख्या 162/26 दर्ज है। प्रेस विज्ञप्ति में 25 अगस्त 2026 की तारीख और भारतीय न्याय संहिता की धारा 305/331(4) का उल्लेख किया गया है।
पुलिस का कहना है कि मामले की जांच जारी है और गिरफ्तार आरोपियों से पूछताछ के आधार पर आगे की कार्रवाई की जा रही है। इस कार्रवाई में कांके थाना प्रभारी सह इंस्पेक्टर कुणाल कुमार के नेतृत्व में पुलिस टीम शामिल रही। टीम में राजकुमार तिर्की, सतीश कुमार, अरविंद कुमार, प्रणव रंजन, गंगाधर सिंह, मंगल हेम्ब्रम और रिजर्व गार्ड के जवान शामिल थे। पुलिस टीम की इस कार्रवाई के बाद इलाके में चोरी की घटनाओं को लेकर पुलिस की सक्रियता का संदेश गया है। कांके पुलिस की कार्रवाई से अपराधियों के खिलाफ सख्ती का संदेश जरूर गया है। हालांकि, गिरफ्तार किए गए लोगों पर लगे आरोपों की अंतिम पुष्टि न्यायिक प्रक्रिया के बाद ही होगी। फिलहाल पुलिस की जांच का फोकस यह पता लगाने पर है कि गिरफ्तार आरोपी केवल इस घटना तक सीमित हैं या चोरी की अन्य वारदातों में भी उनकी कथित भूमिका रही है।
