झारखंड में फिर से चलेगा हेमंत का सिक्का, बराबरी में कोई नहीं

झारखंड में फिर से चलेगा हेमंत का सिक्का, बराबरी में कोई नहीं

झारखंड
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झारखंड में चुनाव का बिगुल बजने वाला है. कभी भी चुनाव के तारिखों का ऐलान हो सकता है. चुनाव को लेकर पार्टियां लोकसभा चुनाव के बाद से ही तैयारी में जुट गई है. बीजेपी झारखंड में अपना अस्तित्व बचाने की कोशिश कर रही है. बीजेपी इसके लिए कई पैतरें आजमा रही है. हेमंता विश्व सरमा को झारखंड विधानसभा चुनाव सह प्रभारी बनाकर आदिवासी वोटरों को अपनी ओर खिंचने की कोशिश कर रही है तो दूसरी तरफ चंपई सोरेन को बीजेपी में शामिल कर कोल्हान के 14 सीटों पर अपनी पकड़ बनाने में भी जुट गई है वहीं गठबंधन सरकार एक बार फिर अपनी सरकार बनाने की जहोजहद में जुट गई है. इस चुनाव से पहले चुनाव का ओपिनियन पोल सामने आया है. इस ओपिनियन पोल में हेमंत सोरेन एक बार फिर जनता की पहली पसंद बनकर सामने आए है. वहीं दूसरे नंबर पर बाबूलाल मरांडी रहे. इस ओपिनियन पोल में 7 नाम दिया गया था जिसमें झारखंड के सीएम हेमंत सोरेन जनता की पहली पसंद बने है.

दूसरे नंबर पर बाबूलाल मरांडी

ओपिनियन पोल में झारखंड के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन को जनता ने सबसे ज्यादा पसंद किया है. उन्हें कुल 42 प्रतिशत लोगों ने अपनी पहली पसंद बताई है. वहीं दूसरे नंबर पर भाजपा के बाबूलाल मरांडी रहे, उन्हे 25 प्रतिशत लोगों ने अपनी पहली पसंद बताई है. इसमें कई और नाम शामिल किया गया है जिसमें जेएमएम के शिबू सोरेन अभी भी 11 प्रतिशत लोगों की पहली पसंद बने हुए है. जबकि चंपाई सोरेन 7 प्रतिशत लोगों की पसंद, वही सुदेश महतो को 6 प्रतिशत लोगों ने पसंद किया. जबकि रामेश्वर उरांव सिर्फ 4 प्रतिशत लोगों की पसंद बने. वहीं निशिकांत दुबे 5 प्रतिशत लोगों की पसंद बन पाए.

जननेता के रुप में उभरे है हेमंत सोरेन

सीएम बनने के बाद हेमंत सोरेन जननेता के रूप में उभरे हैं. उन्होंने महिला शिक्षा, विद्यार्थियों, युवाओं, किसानों और कर्मचारियों की बेहतरी के लिए कई कदम उठाए हैं. जिसमें मुख्यमंत्री लक्ष्मी लाडली योजना, स्वामी विवेकानन्द निशक्त स्वावलम्बन प्रोत्साहन योजना, विकलांग कार्यशाला योजना, विकलांग छात्रवृति, अन्तर्जातीय विवाह योजना, अति कुपोषित बच्चों के लिए कुपोषण उपचार केंद्र, महिलाओं के दक्षता एवं उद्धमता विकास हेतु प्रशिक्षण योजना ऐसी कई योजनाएं चलाकर सीएम हेमंत लोगों के जननेता के रूप में उभर कर सामने आए है. सावित्रीबाई फुले किशोरी समृद्धि योजना, गुरुजी स्टूडेंट क्रेडिट कार्ड योजना, झारखंड एकलव्य प्रशिक्षण योजना, मुख्यमंत्री सूखा राहत योजना, मुख्यमंत्री सारथी योजना, मुख्यमंत्री शिक्षा प्रोत्साहन योजना, पुरानी पेंशन योजना समेत मंईयां सम्मान योजना योजना समेत की योजनाओं की शुरुआत की है.

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