सिमरिया/ चतरा: सिमरिया प्रखंड के ईचाक खुर्द गांव में शिवपुर- कठौतिया रेल लाइन परियोजना के तहत अधिग्रहित गैर मजरूवा खास भूमि के मुआवजा की मांग को लेकर बीते 32 माह से धरना पर बैठे रैयतों से विधायक उज्ज्वल कुमार दास ने मुलाकात की। धरनास्थल पर पहुंचकर विधायक ने किसानों की समस्याएं गंभीरता से सुनीं और आंदोलनरत रैयतों के संघर्ष को जायज ठहराया। उन्होंने कहा कि किसानों के साथ हो रही नाइंसाफी एक गंभीर विषय है और इसे किसी भी कीमत पर नजरअंदाज नहीं किया जा सकता।

विधायक उज्ज्वल कुमार ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि समान प्रकृति की जमीन का मुआवजा एक जगह दिया जाना और दूसरी जगह नहीं दिया जाना सरासर गलत है। यह प्रशासनिक लापरवाही और भेदभाव का मामला है। उन्होंने कहा, “रैयतों की इस समस्या को मैं विधानसभा में मजबूती से उठाऊंगा और उन्हें उनका न्यायोचित हक दिलाने के लिए हर संभव प्रयास करूंगा। किसानों के अधिकारों से कोई समझौता नहीं होने दिया जाएगा।” विधायक ने भरोसा दिलाया कि जरूरत पड़ी तो संबंधित विभागों और अधिकारियों से भी जवाब तलब किया जाएगा।
धरनारत ग्रामीणों ने विधायक के समक्ष अपनी पीड़ा साझा करते हुए कहा कि जमीन अधिग्रहण के बाद से वे आर्थिक और मानसिक संकट से गुजर रहे हैं। 32 महीने बीत जाने के बावजूद मुआवजा नहीं मिलना अन्यायपूर्ण है। ग्रामीणों ने बताया कि आसपास के क्षेत्रों में समान जमीन का मुआवजा दिया गया, लेकिन ईचाक खुर्द के रैयतों को अब तक उनके हक से वंचित रखा गया है। ग्रामीणों ने विधायक से मांग की कि सरकार और रेलवे प्रशासन पर दबाव बनाकर जल्द से जल्द मुआवजा दिलाया जाए, ताकि उनका संघर्ष सार्थक हो सके।
विधायक की मौजूदगी से आंदोलनरत रैयतों में नई उम्मीद जगी है और ग्रामीणों ने उम्मीद जताई कि अब उनकी आवाज विधानसभा तक पहुंचेगी और उन्हें न्याय मिलेगा।
