राष्ट्रीय क्षितिज पर चमकने की तैयारी में जेएमएम

आदिवासी जन सभा विशेष न्यूज़ रांची राजनीति विशेष
Share Now

दिशोम गुरु शिबू सोरेन के बिना जेएमएम का पहला स्थापना दिवस

Akshay Tiwari

रांची: झारखंड मुक्ति मोर्चा (जेएमएम) 54वें वर्ष में प्रवेश कर रहा है। पार्टी का स्थापना दिवस दो फरवरी को दुमका में मनाया जा रहा है। दिशोम गुरु शिबू सोरेन के निधन के बाद यह पहला स्थापना दिवस है, जिसे उनके बिना मनाया जा रहा है। यह क्षण पार्टी और उसके कार्यकर्ताओं के लिए अत्यंत भावुक है।

दिशोम गुरु शिबू सोरेन के नेतृत्व में जेएमएम ने आदिवासी अस्मिता, जल-जंगल-जमीन के अधिकार और सामाजिक न्याय के लिए लंबे संघर्ष के बाद राजनीति में एक मजबूत पहचान बनाई। आंदोलन से सत्ता के केंद्र तक का यह सफर जेएमएम को एक सशक्त क्षेत्रीय दल के रूप में स्थापित करता है। वर्तमान में मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन पार्टी की कमान संभाले हुए हैं। उनके नेतृत्व में जेएमएम न केवल झारखंड में बल्कि राष्ट्रीय स्तर पर भी तेजी से अपनी उपस्थिति दर्ज करा रही है।

राष्ट्रीय स्तर पर आदिवासी विमर्श का हिस्सा बन रहा जेएमएम : सुदिव्य कुमार

मंत्री सुदिव्य कुमार सोनू ने कहा कि दो फरवरी 1975 को दुमका में जब झारखंड मुक्ति मोर्चा की स्थापना हुई थी, तब शायद किसी ने कल्पना नहीं की होगी कि संथाल परगना की धरती से उठी यह आवाज राष्ट्रीय स्तर पर आदिवासी विमर्श का अहम हिस्सा बनेगी।
उन्होंने कहा कि दिशोम गुरु शिबू सोरेन की परिकल्पना और संघर्ष को नमन करते हुए यह स्थापना दिवस मनाया जा रहा है। गुरुजी के निधन के एक साल के भीतर यह पहला अवसर है, जब पार्टी उनके बिना स्थापना दिवस मना रही है। जेएमएम अब राष्ट्रीय राजनीति में अपनी अलग पहचान बनाने की दिशा में निरंतर आगे बढ़ रही है।

जेएमएम की नीतियों और नेतृत्व पर जनता का भरोसा बढ़ा : सुप्रियो भट्टाचार्य

जेएमएम के केंद्रीय महासचिव सह प्रवक्ता सुप्रियो भट्टाचार्य ने कहा कि पार्टी की नीतियों और नेतृत्व पर जनता का भरोसा लगातार मजबूत हो रहा है। विशेष रूप से संथाल परगना, कोल्हान और कोयलांचल क्षेत्रों में जेएमएम को लेकर लोगों में नई उम्मीद जगी है।
उन्होंने कहा कि पार्टी गठन और राज्य आंदोलन के दौरान किए गए वादों को सत्ता में आने के बाद चरणबद्ध तरीके से पूरा किया गया है। यही कारण है कि जनता जेएमएम पर भरोसा कर रही है। सुप्रियो भट्टाचार्य ने कहा कि जेएमएम अब सिर्फ झारखंड तक सीमित क्षेत्रीय दल नहीं रह गई है, बल्कि देशभर में उसकी पहचान बनी है। पार्टी के विकास की तुलना जीवन के विभिन्न चरणों से करते हुए उन्होंने कहा कि अनुभव के साथ पार्टी और अधिक परिपक्व हुई है। वृहत झारखंड की अवधारणा के तहत छत्तीसगढ़, ओडिशा, बिहार, असम और पश्चिम बंगाल में भी संगठन को मजबूत किया जा रहा है।

जेएमएम देश की एक सशक्त राजनीतिक ताकत बनेगी : डॉ. महुआ मांझी

राज्यसभा सांसद डॉ. महुआ मांझी ने कहा कि जेएमएम लगातार एक सशक्त राजनीतिक दल के रूप में उभर रही है और आने वाले समय में यह पार्टी देश की राजनीति में प्रभावशाली भूमिका निभाएगी। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के नेतृत्व में जेएमएम ने लगातार दूसरी बार सरकार बनाकर यह साबित किया है कि पार्टी को जनता का व्यापक समर्थन प्राप्त है। डॉ. मांझी ने कहा कि यह सफलता कार्यकर्ताओं के अथक परिश्रम और जनता के विश्वास का परिणाम है। दिशोम गुरु शिबू सोरेन के सपनों को साकार करने के लिए मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन पूरी प्रतिबद्धता के साथ कार्य कर रहे हैं।।उन्होंने कहा कि 56 सीटें जीतकर दूसरी बार सरकार बनाना पार्टी की मजबूती का प्रमाण है। बड़ी संख्या में लोग जेएमएम से जुड़ रहे हैं और यह कारवां निरंतर आगे बढ़ रहा है।

#jmm #हेमंतसोरेन #शिबूसोरेन #hemantsoren #drmahuwamanji #mahuwamanjhi

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *